Romans 12:8 in Urdu 8 और अगर नासेह हो तो नसीहत में, ख़ैरात बाँटनेवाला सख़ावत से बाँटे, पेशवा सरगर्मी से पेशवाई करे, रहम करने वाला ख़ुशी से रहम करे।
Other Translations King James Version (KJV) Or he that exhorteth, on exhortation: he that giveth, let him do it with simplicity; he that ruleth, with diligence; he that sheweth mercy, with cheerfulness.
American Standard Version (ASV) or he that exhorteth, to his exhorting: he that giveth, `let him do it' with liberality; he that ruleth, with diligence; he that showeth mercy, with cheerfulness.
Bible in Basic English (BBE) He who has the power of comforting, let him do so; he who gives, let him give freely; he who has the power of ruling, let him do it with a serious mind; he who has mercy on others, let it be with joy.
Darby English Bible (DBY) or he that exhorts, in exhortation; he that gives, in simplicity; he that leads, with diligence; he that shews mercy, with cheerfulness.
World English Bible (WEB) or he who exhorts, to his exhorting: he who gives, let him do it with liberality; he who rules, with diligence; he who shows mercy, with cheerfulness.
Young's Literal Translation (YLT) or he who is exhorting -- `In the exhortation!' he who is sharing -- `In simplicity!' he who is leading -- `In diligence?' he who is doing kindness -- `In cheerfulness.'
Cross Reference Matthew 6:2 in Urdu 2 पस जब तुम ख़ैरात करो तो अपने आगे नरसिंगा न बजाओ, जैसा रियाकार इबादतखनों और कूचों में करते हैं; ताकि लोग उनकी बड़ाई करें मैं तुम से सच कहता हूँ, कि वो अपना अज्र पा चुके।
Matthew 25:40 in Urdu 40 बादशाह जवाब में उन से कहेगा‘मैं तुम से सच कहता हूँ कि तुम ने मेरे सब से छोटे भाइयों में से किसी के साथ ये सुलूक किया, तो मेरे ही साथ किया।’
Luke 21:1 in Urdu 1 ईसा' ने नज़र उठा कर देखा, कि अमीर लोग अपने हदिए बैत-उल-मुक़द्दस के चन्दे के बक्से में डाल रहे हैं।
Acts 2:44 in Urdu 44 और जो ईमान लाए थे वो सब एक जगह रहते थे और सब चीज़ों में शरीक थे।
Acts 4:33 in Urdu 33 और रसूल बड़ी क़ुदरत से ख़ुदावन्द ईसा' के जी उठने की गवाही देते रहे, और उन सब पर बड़ा फ़ज़ल था।
Acts 11:28 in Urdu 28 उन में से एक जिसका नाम अग्बुस था खड़े होकर रूह की हिदायत से ज़ाहिर किया कि तमाम दुनियाँ में बड़ा काल पड़ेगा और क्लदियुस के अहद में वाके हुआ|
Acts 13:12 in Urdu 12 तब सूबेदार ये माजरा देखकर और “ख़ुदावन्द” की तालीम से हैरान हो कर ईमान ले आया ।
Acts 13:15 in Urdu 15 फिर तौरेत और नबियों की किताब पढ़ने के बा'द इबादतख़ाने के सरदारों ने उन्हें कहला भेजा “ऐ भाइयों अगर लोगों की नसीहत के वास्ते तुम्हारे दिल में कोई बात हो तो बयान करो।”
Acts 15:32 in Urdu 32 और यहूदाह और सीलास ने जो ख़ुद भी नबी थे, भाइयों को बहुत सी नसीहत करके मज़बूत कर दिया।
Acts 20:2 in Urdu 2 और उस इलाक़े से गुज़र कर और उन्हें बहुत नसीहत करके यूनान में आया।
Acts 20:28 in Urdu 28 पस, अपनी और उस सारे गल्ले की ख़बरदारी करो जिसका रूह -उल क़ुद्दूस ने तुम्हें निगहबान ठहराया ताकि “ख़ुदा” की कलीसिया की गल्ले कि रख वाली करो, जिसे उस ने ख़ास अपने ख़ून से ख़रीद लिया ।
Romans 12:13 in Urdu 13 मुक़द्दसों की ज़रूरतें पूरी करो।
Romans 13:6 in Urdu 6 तुम इसी लिए लगान भी देते हो कि वो ख़ुदा का ख़ादिम है और इस ख़ास काम में हमेशा मशग़ूल रहते हैं।
1 Corinthians 12:28 in Urdu 28 और खु़दा ने कलीसिया में अलग अलग शख़्स मुक़र्रर किए पहले रसूल दूसरे नबी तीसरे उस्ताद फिर मोजिज़े दिखाने वाले फिर शिफ़ा देने वाले मददगार मुन्तज़िम तरह तरह की ज़बाने बोलने वाले।
1 Corinthians 14:3 in Urdu 3 लेकिन जो नबुव्वत करता है वो आदमियों से तरक़्क़ी और नसीहत और तसल्ली की बातें करता है।
2 Corinthians 1:12 in Urdu 12 क्यूँकि हम को अपने दिल की इस गवाही पर फ़ख़्र है कि हमारा चाल चलन दुनिया में और ख़ासकर तुम में जिस्मानी हिकमत के साथ नहीं बल्कि ख़ुदा के फ़ज़ल के साथ ऐसी पाकीज़गी और सफ़ाई के साथ रहा जो ख़ुदा के लायक़ है।
2 Corinthians 8:1 in Urdu 1 ऐ, भाइयों! हम तुम को ख़ुदा के उस फ़ज़ल की ख़बर देते हैं जो मकिदुनिया की कलीसियाओं पर हुआ है।
2 Corinthians 8:12 in Urdu 12 क्यूँकि अगर नियत हो तो ख़ैरात उसके मुवाफ़िक़ मक़्बूल होगी जो आदमी के पास है न उसके मुवाफ़िक़ जो उसके पास नहीं।
2 Corinthians 9:7 in Urdu 7 जिस क़दर हर एक ने अपने दिल में ठहराया है उसी क़दर दे, न दरेग़ करके न लाचारी से क्यूँकि ख़ुदा ख़ुशी से देने वाले को अज़ीज़ रखता है।
2 Corinthians 9:11 in Urdu 11 और तुम हर चीज़ को बहुतायत से पाकर सब तरह की सख़ावत करोगे; जो हमारे वसीले से ख़ुदा की शुक्रगुज़ारी के ज़रिए होती है।
2 Corinthians 9:13 in Urdu 13 इस लिए कि जो नियत इस ख़िदमत से साबित हुई उसकी वज़ह से वो ख़ुदा की बड़ाई करते हैं कि तुम मसीह की ख़ुशख़बरी का इक़रार करके उस पर ता'बेदारी से अमल करते हो और उनकी और सब लोगों की मदद करने में सख़ावत करते हो।
2 Corinthians 11:3 in Urdu 3 लेकिन मैं डरता हूँ कहीं ऐसा न हो कि जिस तरह साँप ने अपनी मक्कारी से हव्वा को बहकाया उसी तरह तुम्हारे ख़यालात भी उस ख़ुलूस और पाकदामनी से हट जाएँ जो मसीह के साथ होनी चाहिए। ।
Ephesians 6:5 in Urdu 5 ऐ नौकरों! जो जिस्मानी तौर से तुम्हारे मालिक हैं, अपनी साफ़ दिली से डरते और काँपते हुए उनके ऐसे फ़र्माबरदार रहो जैसे मसीह के;
Colossians 3:22 in Urdu 22 ग़ुलामो, हर बात में अपने दुनियावी मालिकों के ताबे रहो। न सिर्फ़ उन के सामने ही और उन्हें ख़ुश रखने के लिए ख़िदमत करें बल्कि ख़ुलूसदिली और ख़ुदावन्द का ख़ौफ़ मान कर काम करें।
1 Thessalonians 2:3 in Urdu 3 क्योंकि हमारी नसीहत न गुमराही से है न नापाकी से न धोखे के साथ ।
1 Thessalonians 2:8 in Urdu 8 और उसी तरह हम तुम्हारे बहुत अहसानमंद होकर न फ़क़त “ख़ुदा”की ख़ुशख़बरी बल्कि अपनी जान तक भी तुम्हें देने को राज़ी थे; इस वास्ते कि तुम हमारे प्यारे हो गए थे!
1 Thessalonians 5:12 in Urdu 12 और “ऐ भाइयो, हम तुम से दरख़्वास्त करते हैं, कि जो तुम में मेहनत करते और “ख़ुदावन्द” में तुम्हारे पेशवा हैं और तुम को नसीहत करते हैं उन्हें मानो।
1 Timothy 3:4 in Urdu 4 अपने घर का अच्छी तरह बन्दोबस्त करता हो,और अपने बच्चों को पूरी नर्मी से ताबे रखता हो।
1 Timothy 4:13 in Urdu 13 जब तक मैं न आऊँ,पढ़ने और नसीहत करने और ता'लीम देने की तरफ़ मुतवज्जह रह।
1 Timothy 5:17 in Urdu 17 जो बुज़ुर्ग अच्छा इन्तिज़ाम करते हैं,खास कर वो जो कलाम सुनाने और ता'लीम देने में मेंहनत करते हैं,दुगनी 'इज़्ज़त के लायक़ समझे जाएँ|
Hebrews 10:25 in Urdu 25 हम एकसाथ जमा होने से बाज़ न आएँ, जिस तरह कुछ की आदत बन गई है। इस के बजाए हम एक दूसरे की हौसला अफ़्ज़ाई करें, ख़ासकर यह बात मद्द-ए-नज़र रख कर कि ख़ुदावन्द का दिन क़रीब आ रहा है।
Hebrews 13:7 in Urdu 7 अपने राहनुमाओं को याद रखें जिन्हों ने आप को ख़ुदा का कलाम सुनाया। इस पर ग़ौर करें कि उन के चाल-चलन से कितनी भलाई पैदा हुई है, और उन के ईमान के नमूने पर चलें।
Hebrews 13:17 in Urdu 17 अपने राहनुमाओं की सुनें और उन की बात मानें। क्यूँकि वह आप की देख-भाल करते करते जागते रहते हैं, और इस में वह ख़ुदा के सामने जवाबदेह हैं। उन की बात मानें ताकि वह ख़ुशी से अपनी ख़िदमत सरअन्जाम दें। वर्ना वह कराहते कराहते अपनी ज़िम्मादारी निभाएँगे, और यह आप के लिए मुफ़ीद नहीं होगा।
Hebrews 13:22 in Urdu 22 भाइयों! मेहरबानी करके नसीहत की इन बातों पर सन्जीदगी से ग़ौर करें, क्यूँकि मैंने आप को सिर्फ़ चन्द अल्फ़ाज़ लिखे हैं।
Hebrews 13:24 in Urdu 24 अपने तमाम राहनुमाओं और तमाम मुक़द्दसीन को मेरा सलाम कहना। इटली के ईमानदार आप को सलाम कहते हैं।
1 Peter 4:9 in Urdu 9 बग़ैर बड़बड़ाए आपस में मुसाफ़िर परवरी करो |
1 Peter 5:2 in Urdu 2 कि ख़ुदा के उस गल्ले की गल्लेबानी करो जो तुम में है; लाचारी से निगहबानी न करो, बल्कि ख़ुदा की मर्ज़ी के मुवाफ़िक़ ख़ुशी से और नाजायज़ नफ़े' के लिए नहीं बल्कि दिली शौक से |