Jude 1:3 in Urdu 3 ऐ प्यारों! जिस वक़्त मैं तुम को उस नजात के बारे में लिखने में पूरी कोशिश कर रहा था जिसमें हम सब शामिल हैं , तो मैंने तुम्हें ये नसीहत लिखना ज़रूर जाना कि तुम उस ईमान के वास्ते मेहनत करो जो मुक़द्दसों को एक बार सौंपा गया था |
Other Translations King James Version (KJV) Beloved, when I gave all diligence to write unto you of the common salvation, it was needful for me to write unto you, and exhort you that ye should earnestly contend for the faith which was once delivered unto the saints.
American Standard Version (ASV) Beloved, while I was giving all diligence to write unto you of our common salvation, I was constrained to write unto you exhorting you to contend earnestly for the faith which was once for all delivered unto the saints.
Bible in Basic English (BBE) My loved ones, while my thoughts were full of a letter which I was going to send you about our common salvation, it was necessary for me to send you one requesting you with all my heart to go on fighting strongly for the faith which has been given to the saints once and for ever.
Darby English Bible (DBY) Beloved, using all diligence to write to you of our common salvation, I have been obliged to write to you exhorting [you] to contend earnestly for the faith once delivered to the saints.
World English Bible (WEB) Beloved, while I was very eager to write to you about our common salvation, I was constrained to write to you exhorting you to contend earnestly for the faith which was once for all delivered to the saints.
Young's Literal Translation (YLT) Beloved, all diligence using to write to you concerning the common salvation, I had necessity to write to you, exhorting to agonize for the faith once delivered to the saints,
Cross Reference Acts 4:12 in Urdu 12 और किसी दूसरे के वसीले से नजात नहीं, क्यूँकि आसमान के तले आदमियों को कोई दुसरा नाम नहीं बख्शा गया , जिसके वसीले से हम नजात पा सकें।”
Acts 6:8 in Urdu 8 स्तिफ़नुस फ़ज़ल और क़ुव्वत से भरा हुआ लोगों में बड़े बड़े अजीब काम और निशान ज़ाहिर किया करता था; ।
Acts 9:22 in Urdu 22 लेकिन साऊल को और भी ताक़त हासिल होती गई, और वो इस बात को साबित करके कि “मसीह यही है” दमिश्क़ के रहने वाले यहूदियों को हैरत दिलाता रहा।
Acts 13:46 in Urdu 46 पौलुस और बरनबास दिलेर होकर कहने लगे” ज़रुर था, कि “ख़ुदा” का कलाम पहले तुम्हें सुनाया जाए; लेकिन चूँकि तुम उसको रद्द करते हो | और अपने आप को हमेशा की ज़िन्दगी के नाक़ाबिल ठहराते हो, तो देखो हम ग़ैर क़ौमों की तरफ़ मुत्वज्जह होते हैं।
Acts 17:3 in Urdu 3 और उनके मतलब खोल खोलकर दलीलें पेश करता था, कि “मसीह को दुख़ उठाना और मुर्दों में से जी उठना ज़रूर था और ईसा' जिसकी मैं तुम्हें ख़बर देता हूँ मसीह है।”
Acts 18:4 in Urdu 4 और वो हर सबत को इबादतख़ाने में बहस करता और यहूदियों और यूनानियों को तैयार करता था।
Acts 18:28 in Urdu 28 क्यूँकि वो किताब -ए -मुक़द्दस से ईसा' का मसीह होना साबित करके बड़े ज़ोर शोर से यहूदियों को ऐलानिया क़ायल करता रहा।
Acts 20:27 in Urdu 27 क्यूँकि मैं ख़ुदा की सारी मर्ज़ी तुम से पूरे तौर से बयान करने से न झिझका।
Acts 28:28 in Urdu 28 “पस, तुम को मा'लूम हो कि ख़ुदा! की इस नजात का पैग़ाम ग़ैर क़ौमों के पास भेजा गया है, और वो उसे सुन भी लेंगी ”
Romans 15:15 in Urdu 15 तोभी मैं ने कुछ जगह ज़्यादा दिलेरी के साथ याद दिलाने के तौर पर इसलिए तुम को लिखा; कि मुझ को ख़ुदा की तरफ़ से ग़ैर क़ौमों के लिए मसीह ईसा' के ख़ादिम होने की तौफ़ीक़ मिली है।
1 Corinthians 15:3 in Urdu 3 चुनाँचे मैंने सब से पहले तुम को वही बात पहुँचा दी जो मुझे पहुँची थी; कि मसीह किताब-ए-'मुक़द्दस के मुताबिक़ हमारे गुनाहों के लिए मरा।
Galatians 2:5 in Urdu 5 उनके ताबे रहना हम ने पल भर के लिए भी मंज़ूर ना किया, ताकि ख़ुशख़बरी की सच्चाई तुम में क़ायम रहे |
Galatians 3:28 in Urdu 28 न कोई यहूदी रहा, न कोई यूनानी, न कोई ग़ुलाम, ना आज़ाद, न कोई मर्द, न औरत, क्यूंकि तुम सब मसीह 'ईसा में एक ही हो|
Galatians 6:11 in Urdu 11 देखो,मैंने कैसे बड़े बड़े हरफों में तुम को अपने हाथ से लिखा है|
Ephesians 1:1 in Urdu 1 पौलुस की तरफ़ से जो ख़ुदा की मर्ज़ी से ईसा' मसीह का रसूल है, उन मुक़द्दसों के नाम जो इफ़िसुस में हैं और ईसा' मसीह 'में ईमान्दार हैं:
Philippians 1:1 in Urdu 1 मसीह ईसा' के बन्दों पौलुस और तिमुथियुस की तरफ़ से,फ़िलिप्पियों के सब मुक़द्दसों के नाम जो मसीह ईसा में हैं;निगहबानों और ख़ादिमों समेत |
Philippians 1:27 in Urdu 27 सिर्फ़ ये करो कि मसीह में तुम्हारा चाल चलन मसीह के ख़ुशख़बरी के मुवाफ़िक़ रहे ताकि; चाहे मैं आऊँ और तूम्हें देखूँ चाहे न आऊँ,तूम्हारा हाल सुनूँ कि तुम एक रूह में क़ायम हो, और ईन्जील के ईमान के लिए एक जान होकर कोशिश करते हो,|
Colossians 1:2 in Urdu 2 मैं कुलुस्से शहर के मुक़द्दस भाइयों को लिख रहा हूँ जो मसीह पर ईमान लाए हैं : ख़ुदा हमारा बाप आप को फ़ज़ल और सलामती बख़्शे।
1 Thessalonians 2:2 in Urdu 2 बल्कि तुम को मा'लूम ही है कि बावजूद पहले फ़िलिप्पी में दु:ख उठाने और बेइज़्ज़त होने के हम को अपने”ख़ुदा” में ये दिलेरी हासिल हुई कि “ख़ुदा”की ख़ुशख़बरी बड़ी जाँफ़िशानी से तुम्हें सुनाएँ।
1 Timothy 1:18 in Urdu 18 ऐ फ़र्ज़न्द तीमुथियुस! उन पेशीनगोइयों के मुवाफ़िक़ जो पहले तेरे ज़रिए की गई थीं, मैं ये हुक्म तेरे सुपुर्द करता हूँताकितू उनके मुताबिक़ अच्छी लड़ाई लड़ता रहे;और ईमान और उस नेक नियत पर क़ायम रहे,
1 Timothy 6:12 in Urdu 12 ईमान की अच्छी कुश्ती लड़; उस हमेशा की ज़िन्दगी पर क़ब्ज़ा कर ले जिसके लिए तू बुलाया गया था,और बहुत से गवाहों के सामने अच्छा इक़रार किया था|
2 Timothy 1:13 in Urdu 13 जो सही बातें तू ने मुझ से सुनी उस ईमान और मुहब्बत के साथ जो “मसीह ईसा में है उन का ख़ाका याद रख ।
2 Timothy 4:7 in Urdu 7 मैं अच्छी कुश्ती लड़ चुका, मैंने दौड़ को ख़त्म कर लिया, मैंने ईमान को महफ़ूज़ रख्खा।
Titus 1:4 in Urdu 4 ईमान की शिरकत के रूह से सच्चे फ़र्ज़न्द तितुस के नाम फ़ज़ल और इत्मीनान ख़ुदा बाप और हमारे मुन्जी 'ईसा' मसीह की तरफ़ से तुझे हासिल होता रहे।
Hebrews 13:22 in Urdu 22 भाइयों! मेहरबानी करके नसीहत की इन बातों पर सन्जीदगी से ग़ौर करें, क्यूँकि मैंने आप को सिर्फ़ चन्द अल्फ़ाज़ लिखे हैं।
1 Peter 5:12 in Urdu 12 मैंने सिल्वानुस के ज़रिये, जो मेरी दानिस्त में दियानतदार भाई है, मुख़्तसर तौर पर लिख़ कर तुम्हें नसीहत की और ये गवाही दी कि ख़ुदा का सच्चा फ़ज़ल यही है, इसी पर क़ायम रहो |
2 Peter 1:1 in Urdu 1 शमा'ऊन पतरस की तरफ़ से ,जो ईसा' मसीह का बन्दा और रसूल है , उन लोगों के नाम जिन्होंने हमारे ख़ुदा और मुंजी ईसा' मसीह की रास्तबाज़ी में हमारा सा क़ीमती ईमान पाया है |
2 Peter 1:12 in Urdu 12 इसलिए मैं तुम्हें ये बातें याद दिलाने को हमेशा मुस्त'इद रहूँगा ,अगरचे तुम उनसे वाक़िफ़ और उस हक़ बात पर क़ायम हो जो तुम्हें हासिल है |
2 Peter 3:1 in Urdu 1 ऐ 'अज़ीज़ो! अब मैं तुम्हें ये दूसरा ख़त लिखता हूँ, और याद दिलाने के तौर पर दोनों ख़तों से तुम्हारे साफ़ दिलों को उभारता हूँ,
Jude 1:17 in Urdu 17 लेकिन ऐ प्यारो! उन बातों को याद रख्खो जो हमारे ख़ुदावन्द 'ईसा' मसीह के रसूल पहले कह चुके हैं |
Jude 1:20 in Urdu 20 मगर तुम ऐ प्यारों! अपने पाक तरीन ईमान में अपनी तरक़्क़ी करके और रूह-उल-क़ुद्दूस में दु'आ करके ,
Revelation 2:10 in Urdu 10 जो दुख तुझे सहने होंगे उनसे ख़ौफ़ न कर ,देखो शैतान तुम में से कुछ को क़ैद में डालने को है ताकि तुम्हारी आज़माइश पूरी हो और दस दिन तक मुसीबत उठाओगे जान देने तक वफ़ादार रहो तो में तुझे ज़िन्दगी का ताज दूँगा|
Revelation 12:11 in Urdu 11 और वो बर्रे के ख़ून और अपनी गवाही के कलाम के ज़रिये उस पर ग़ालिब आए; और उन्होंने अपनी जान को 'अज़ीज़ न समझा, यहाँ तक कि मौत भी गवारा की |