1 Timothy 6:4 in Urdu 4 वो मग़रूर है और कुछ नहीं जानता;बल्कि उसे बहस और लफ़्ज़ी तकरार करने का मर्ज़ है,जिनसे हसद और झगड़े और बदगोइयाँ और बदगुमानियाँ,।
Other Translations King James Version (KJV) He is proud, knowing nothing, but doting about questions and strifes of words, whereof cometh envy, strife, railings, evil surmisings,
American Standard Version (ASV) he is puffed up, knowing nothing, but doting about questionings and disputes of words, whereof cometh envy, strife, railings, evil surmisings,
Bible in Basic English (BBE) He has an over-high opinion of himself; being without knowledge, having only an unhealthy love of questionings and wars of words, from which come envy, fighting, cruel words, evil thoughts,
Darby English Bible (DBY) he is puffed up, knowing nothing, but sick about questions and disputes of words, out of which arise envy, strife, injurious words, evil suspicions,
World English Bible (WEB) he is conceited, knowing nothing, but obsessed with arguments, disputes, and word battles, from which come envy, strife, reviling, evil suspicions,
Young's Literal Translation (YLT) he is proud, knowing nothing, but doting about questions and word-striving, out of which doth come envy, strife, evil-speakings, evil-surmisings,
Cross Reference Acts 8:9 in Urdu 9 उस से पहले शामा'ऊन नाम का एक शख़्स उस शहर में जादूगरी करता था, और सामरिया के लोगों को हैरान रखता और ये कहता था, कि मैं भी कोई बड़ा शख़्स हूँ।
Acts 8:21 in Urdu 21 तेरा इस काम में न हिस्सा है न बख़रा क्यूँकि तेरा दिल ख़ुदा के नज़दीक ख़ालिस नहीं ।
Acts 15:2 in Urdu 2 पस, जब पौलुस और बरनबास की उन से बहुत तकरार और बहस हुई तो कलीसिया ने ये ठहराया कि पौलुस और बरनबास और उन में से चन्द शख़्स इस मस्ले के लिए रसूलों और बुज़ुर्गों के पास यरूशलीम जाएँ।
Acts 18:15 in Urdu 15 लेकिन जब ये ऐसे सवाल हैं जो लफ़्ज़ों और नामों और ख़ास तुम्हारी शरी'अत से तअ'ल्लुक रखते हैं तो तुम ही जानो।मैं ऐसी बातों का मुन्सिफ़ बनना नहीं चाहता।”
Romans 2:8 in Urdu 8 मगर जो ना इत्तफ़ाक़ी अन्दाज़ और हक़ के न माननेवाले बल्कि नारास्ती के माननेवाले हैं उन पर ग़ज़ब और क़हर होगा।
Romans 12:16 in Urdu 16 आपस में एक दिल रहो ऊँचे ऊँचे ख़याल न बाँधो बल्कि छोटे लोगों की तरफ़ देखो अपने आप को अक़्लमन्द न समझो।
Romans 13:13 in Urdu 13 जैसा दिन को दस्तूर है संजीदगी से चलें न कि नाच रंग और नशेबाज़ी से न ज़िनाकारी और शहवत परस्ती से और न झगड़े और हसद से।
Romans 14:1 in Urdu 1 कमज़ोर ईमान वालों को अपने में शामिल तो कर लो, मगर शक़' और शुबह की तकरारों के लिए नहीं।
1 Corinthians 3:3 in Urdu 3 क्यूँकि अभी तक जिस्मानी हो इसलिए कि जब तुम मैं हसद और झगड़ा है तो क्या तुम जिस्मानी न हुए और इंसानी तरीक़े पर न चले ?
1 Corinthians 3:18 in Urdu 18 कोई अपने आप को धोका न दे अगर कोई तुम में अपने आप को इस जहान में हकीम समझे, तो बेवक़ूफ़ बने ताकि हकीम हो जाए।
1 Corinthians 8:1 in Urdu 1 अब बुतों की कुर्बानियों के बारे में ये है हम जानते हैं कि हम सब इल्म रखते हैं इल्म ग़ुरूर पैदा करता है लेकिन मुहब्बत तरक़्क़ी का ज़रिया है।
1 Corinthians 11:16 in Urdu 16 लेकिन अगर कोई हुज्जती निकले तो ये जान ले कि न हमारा ऐसा दस्तूर है न ख़ुदावन्द की कलीसियाओं का।
1 Corinthians 11:18 in Urdu 18 क्यूँकि अव्वल तो मैं ये सुनता हूँ कि जिस वक़्त तुम्हारी कलीसिया जमा होती है तो तुम में तफ़्रक़े होते हैं और मैं इसका किसी क़दर यक़ीन भी करता हूँ।
2 Corinthians 11:20 in Urdu 20 जब कोई तुम्हें ग़ुलाम बनाता है या खा जाता है या फँसा लेता है या अपने आपको बड़ा बनाता है या तुम्हारे मुँह पर तमाँचा मारता है तो तुम बर्दाश्त कर लेते हो।
Galatians 5:15 in Urdu 15 लेकिन अगर तुम एक दूसरे को फाड़ खाते हो,तो ख़बरदार रहना कि एक दूसरे का सत्यानास न कर दो|
Galatians 5:20 in Urdu 20 बुत परसती, जादूगरी, अदावतें, झगड़ा, हसद, ग़ुस्सा, तफ़्रक़े, जुदाइयाँ, बिद'अतें,
Galatians 5:26 in Urdu 26 हम बेज़ा फ़ख्र करके न एक दूसरे को चिढ़ायें,न एक दूसरे से जलें|
Galatians 6:3 in Urdu 3 क्यूँकि अगर कोई शख्स अपने आप को कुछ समझे और कुछ भी न हो, तो अपने आप को धोखा देता है |
Philippians 1:15 in Urdu 15 कुछ तो हसद और झगड़े की वजह से मसीह का ऐलान करते हैं और कुछ नेक नियती से|
Philippians 2:3 in Urdu 3 तफ़्रक़े और बेज़ा फ़ख़्र के बारे में कुछ न करो,बल्कि फ़रोतनी से एक दूसरे को अपने से बेहतर समझो|
Philippians 2:14 in Urdu 14 सब काम शिकायत और तकरार बग़ैर किया करो,
Colossians 2:18 in Urdu 18 ऐसे लोग तुम को मुजरिम न ठहराएँ जो ज़ाहिरी फ़रोतनी और फ़रिश्तों की इबादत पर इसरार करते हैं। बड़ी तफ़्सील से अपनी रोयाओं में देखी हुई बातें बयान करते करते उन के ग़ैररुहानी ज़हन ख़्वाह-म-ख़्वाह फूल जाते हैं।
2 Thessalonians 2:4 in Urdu 4 जो मुख़ालिफ़त करता है और हर एक से जो ख़ुदा या मा'बूद कहलाता है अपने आप को बड़ा ठहराता है; यहाँ तक कि वो ख़ुदा के मक़्दिस में बैठ कर अपने आप को ख़ुदा ज़ाहिर करता है।
1 Timothy 1:4 in Urdu 4 और उन कहानियों और बे इन्तिहा नसब नामों पर लिहाज़ न करें,जो तकरार का ज़रिया होते हैं,और उस इंतज़ाम-ए-इलाही के मुवाफ़िक़ नहीं जो ईमान पर मब्नी है,उसीतरहअब भी करता हूँ ।
1 Timothy 1:7 in Urdu 7 और शरी'अत के मु'अल्लिम बनना चाहते हैं, हालाँकि जो बातें कहते हैं और जिनका यक़ीनी तौर से दावा करते हैं,उनको समझते भी नहीं।
1 Timothy 3:6 in Urdu 6 नया शागिर्द न हो,ताकि घमण्डकरके कहीं इब्लीस की सी सज़ा न पाए।
2 Timothy 2:14 in Urdu 14 ये बातें उन्हें याद दिला और ख़ुदावन्द के सामने नसीहत कर के लफ़्ज़ी तकरार न करें जिस से कुछ हासिल नहीं बल्कि सुनने वाले बिगड़ जाते हैं ।
2 Timothy 2:23 in Urdu 23 लेकिन बेवक़ूफ़ी और नादानी की हुज्जतों से किनारा कर क्यूँकि तू जानता है; कि उन से झगड़े पैदा होते हैं।
2 Timothy 3:4 in Urdu 4 दग़ाबाज़, ढीठ, घमन्ड करने वाले, ख़ुदा की निस्बत ऐश- ओ -इशरत को ज़्यादा दोस्त रखने वाले होंगे।
Titus 3:9 in Urdu 9 मगर बेवक़ूफ़ी की हुज्जतों और नसबनामों और झगड़ो और उन लड़ाइयों से जो शरी'अत के बारे में हों परहेज़ करे इसलिए कि ये ला हासिल और बेफ़ायदा हैं।
James 1:19 in Urdu 19 ऐ, मेरे प्यारे भाइयो ये बात तुम जानते हो; पस हर आदमी सुनने में तेज़ और बोलने में धीमा और क़हर में धीमा हो।
James 2:14 in Urdu 14 ऐ, मेरे भाइयो; अगर कोई कहे कि मैं ईमानदार हूँ मगर अमल न करता हो तो क्या फ़ाइदा? क्या ऐसा ईमान उसे नजात दे सकता है।
James 4:1 in Urdu 1 तुम में लड़ाइयां और झगड़े कहाँ से आ गए? क्या उन ख़्वाहिशों से नहीं जो तुम्हारे आज़ा में फ़साद करती हैं।
James 4:5 in Urdu 5 क्या तुम ये समझते हो कि किताब-ऐ- मुक़द्दस बे'फ़ाइदा कहती है? जिस रूह को उसने हमारे अन्दर बसाया है क्या वो ऐसी आरज़ू करती है जिसका अन्जाम हसद हो।
1 Peter 2:1 in Urdu 1 पस हर तरह की बद्ख़्वाही और सारे फ़रेब और रियाकारी और हसद और हर तरह की बदगोई को दूर करके,
2 Peter 2:12 in Urdu 12 लेकिन ये लोग बे'अक़्ल जानवरों की तरह हैं , जो पकड़े जाने और हलाक होने के लिए हैवान -ए -मुतलक़ पैदा हुए हैं ,जिन बातों से नावाक़िफ़ हैं उनके बारे में औरों पर ला'न ता'न करते हैं ,अपनी ख़राबी में ख़ुद ख़राब किए जाएँगे |
2 Peter 2:18 in Urdu 18 वो घमण्ड की बेहूदा बातें बक बक कर बुरी आदतों के ज़रि'ए से , उन लोगों को जिस्मानी ख़्वाहिशों में फँसाते हैं जो गुमराही में से निकल ही रहे हैं|
Jude 1:10 in Urdu 10 मगर ये जिन बातों को नहीं जानते उन पर ला'न ता'न करते हैं ,और जिनको बे अक़्ल जानवरों की तरह मिज़ाजी तौर पर जानते हैं ,उनमें अपने आप को ख़राब करते हैं |
Jude 1:16 in Urdu 16 ये बड़बड़ाने वाले और शिकायत करने वाले हैं ,और अपनी ख़्वाहिशों के मुवाफ़िक़ चलते हैं ,और अपने मुँह से बड़े बोल बोलते हैं ,और फ़ायदे ' के लिए लोगों की ता'रीफ़ करते हैं |
Revelation 3:17 in Urdu 17 और चूँकि तू कहता है कि मैं दौलतमन्द हूँ और मालदार बन गया हूँ और किसी चीज़ का मोहताज नहीं; और ये नहीं जानता कि तू कमबख़्त और आवारा और ग़रीब और अन्धा और नंगा है |